क्या आप जानते हैं ?
भाग्य के तराजू पर
कर्म के बांटों से
विभागीय अफसरों द्वारा
डांडी मार कर
तौला गया हूँ -
इसीलिए मेरा सही वज़न
आज तक किसी को नहीं पता
हाँ, जब भी कोई
नया अफसर आया
मुझे बड़े काम का पाया -
उसने हवा के झोंकों से
अपनी मेज़ के
उड़ते हुए कागज़ों को
मेरे वज़न से दबाया
चूँकि पेपरवेट को कभी
तौला नहीं जाता है
उसे सिर्फ आवश्यक्ता पड़ने पर
प्रयोग में लाया जाता है -
इसीलिए अभी तक मेरा
सही मूल्यांकन नहीं हो पाया है
भाग्य के तराजू पर
कर्म के बांटों से
विभागीय अफसरों द्वारा
डांडी मार कर
तौला गया हूँ -
इसीलिए मेरा सही वज़न
आज तक किसी को नहीं पता
हाँ, जब भी कोई
नया अफसर आया
मुझे बड़े काम का पाया -
उसने हवा के झोंकों से
अपनी मेज़ के
उड़ते हुए कागज़ों को
मेरे वज़न से दबाया
चूँकि पेपरवेट को कभी
तौला नहीं जाता है
उसे सिर्फ आवश्यक्ता पड़ने पर
प्रयोग में लाया जाता है -
इसीलिए अभी तक मेरा
सही मूल्यांकन नहीं हो पाया है
No comments:
Post a Comment